
कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने बुधवार को कहा कि संसद में सुरक्षा चूक पर स्पष्टीकरण मांगने वाले सांसदों का लगातार निलंबन लोकतंत्र के स्वास्थ्य के लिए बहुत बुरा संकेत है. उन्होंने कहा कि सांसद इस संवेदनशील मुद्दे पर स्पष्टीकरण चाहते हैं और वास्तविकता की गहराई में जाना उनका अधिकार भी है.
उन्होंने आगे कहा, “सांसदों के जवाब मांगने पर उन्हें निलंबित करने का जो क्रम चला हुआ है यह लोकतंत्र के स्वास्थ्य के लिए बहुत बुरा संकेत है. पूर्व उपमुख्यमंत्री ने कहा, आज भी दो सांसदों को निलंबित किया गया है. 150 सांसदों को अगर लोकसभा और राज्यसभा से निलंबित कर देंगे तो क्या संकेत देना चाह रहे हैं?
टोंक के लोगों का प्यार, अपनापन और अटूट विश्वास सदैव हृदय में नई ऊर्जा का संचार करता है, मन को एक अद्भुत सुकून देता है।
— Sachin Pilot (@SachinPilot) December 20, 2023
टोंक के दौरे पर आज... pic.twitter.com/bANJ6QnPBg
कांग्रेस नेता ने कहा, मैं समझता हूं कि केन्द्र सरकार का इस प्रकार का रवैया और आचरण बहुत नकारात्मक है और उसी के विरोध में बुधवार को जब हम सब लोग विधानसभा में शपथ ले रहे थे तो कांग्रेस पार्टी के सभी सदस्यों ने एक सांकेतिक विरोध के तहत अपने हाथ में काली पट्टी बांधी थी.
पायलट ने कहा, मुझे नहीं लगता है कि इतिहास में कभी इतने सारे सांसदों को इकठ्ठा निलंबित किया गया होगा. यह जो हो रहा है बिल्कुल गलत है. अपनी बात बोलने की लोगों को आजादी होनी चाहिए. सरकार विपक्ष मुक्त संसद चाहती है, लेकिन यह संभव नहीं है.
ये भी पढ़ें-मिमिक्री वीडियो पर बोले सचिन पायलट, 'सांसदों के निलंबन मुद्दे को भटकाने की हो रही कोशिश'