विज्ञापन
Story ProgressBack

Rajasthan: सरकारी अस्पताल के बाहर दर्द से तड़पती रही प्रसूता, इमरजेंसी वार्ड के बाहर बच्चे को दिया जन्म

महिला की पीड़ा देखकर परिजन और अन्य महिलाओं ने उसे संभाला, इसी दौरान महिला ने बच्चे को जन्म दे दिया. लोगों ने स्ट्रेचर में खुद लेकर वार्ड वार्ड में भर्ती करवाया. वही मामला बढ़ जाने के बाद परिजनों में काफी नाराजगी बढ़ गई.

Read Time: 3 mins
Rajasthan: सरकारी अस्पताल के बाहर दर्द से तड़पती रही प्रसूता, इमरजेंसी वार्ड के बाहर बच्चे को दिया जन्म
बूंदी का अस्पताल

बूंदी जिले के नैनवा सरकारी अस्पताल में घोर लापरवाही सामने आई है. अस्पताल में एक महिला प्रसूता दर्द से तड़पती रही लेकिन अस्पताल में संभालने वाला कोई नहीं आया. परिजन खुद महिला को अस्पताल के अंदर लेकर पहुंचे तो महिला ने इमरजेंसी वार्ड के बाहर बच्चे को जन्म दे दिया. डिलेवरी होने के बाद अभी प्रशासन की आंख नही खुली महिला वार्ड के बाहर दर्द से तड़प रही महिला को संभालने के लिए अस्पताल स्टाफ मौके पर नहीं पहुंचा, तो परिजनों को ही महिला को वार्ड में शिफ्ट करना पड़ा.

घटना के बाद परिजनों ने अस्पताल में हंगामा कर दिया और डॉक्टरों पर लापरवाही का आरोप लगाया है. बता दें कि पिछली कांग्रेस सरकार मे नैनवां अस्पताल को उप जिला अस्पताल घोषित कर वार्ड और बेड की संख्या बढ़ाई गई थी. लेकिन नाम का जिला अस्पताल रहा और सुविधाओं के नाम पर कोई बदलाव नहीं हुआ. ना तो समय पर डॉक्टर मिलते हैं ना स्टाफ काम में रुचि दिखाता है. इधर इस मामले पर अस्पताल प्रभारी समुद्र लाल ने बताया की प्रसूता को प्री मैच्योर डिलीवरी हुई है, परिजनों द्वारा महिला को अंदर ले जाने के दौरान डिलेवरी हुई है और बच्चा काफी कमजोर है, इसलिए रेफर किया है. स्टाफ और डॉक्टरों द्वारा सभालने वाले आरोपों की जांच की जा रही है. 

दर्द में सहायता नहीं करने आये डॉक्टर 

नैनवां उपखंड के फुलेता निवासी सत्यनारायण ने बताया की में मेरी पत्नी अनिता को पेट में दर्द होने पर परिजनो के साथ नैनवां अस्पताल लेकर पहुंचा था. अस्पताल में डॉक्टरों को दिखाया और जांच के बाद डॉक्टरों ने उसे रेफर करते हुए कहा कि इसे टोंक या बूंदी ले जाओ. जबकि मेरी पत्नी दर्द से परेशान थी, प्राथमिक उपचार करना भी उचित नहीं समझा, इसी दौरान अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड के बाहर बैंच पर बैठी पत्नी के तेज प्रसव पीड़ा होने लगी. परिजन सहायता के लिए डॉक्टर और स्टाफ के पास पहुंचे, लेकिन दर्द से तड़पती महिला को संभालने के लिए अस्पताल की ओर से कोई नहीं आया.

महिला ने बाहर बेंच पर दिया बच्चे को जन्म 

महिला की पीड़ा देखकर परिजन और अन्य महिलाओं ने उसे संभाला, इसी दौरान महिला ने बच्चे को जन्म दे दिया. लोगों ने स्ट्रेचर में खुद लेकर वार्ड वार्ड में भर्ती करवाया. वही मामला बढ़ जाने के बाद परिजनों में काफी नाराजगी बढ़ गई. पीड़ित पति सत्यनारायण ने कहा कि कोई अनहोनी नहीं हुई, वरना अस्पताल स्टाफ की लापरवाही से जच्चे-बच्चे के जीवन पर संकट आ जाता. बाकी जो मेरे साथ हुआ है वो किसी के साथ ना हो सरकार और प्रशासन को कड़े बंदोबस्त किए जाना चाहिए.
 

Rajasthan.NDTV.in पर राजस्थान की ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें. देश और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं. इसके अलावा, मनोरंजन की दुनिया हो, या क्रिकेट का खुमार, लाइफ़स्टाइल टिप्स हों, या अनोखी-अनूठी ऑफ़बीट ख़बरें, सब मिलेगा यहां-ढेरों फोटो स्टोरी और वीडियो के साथ.

फॉलो करे:
डार्क मोड/लाइट मोड पर जाएं
Our Offerings: NDTV
  • मध्य प्रदेश
  • राजस्थान
  • इंडिया
  • मराठी
  • 24X7
Choose Your Destination
Previous Article
इटली से आए विदेशी कोच भारतीय खिलाड़ियों को दे रहे प्रशिक्षण, लेंगे 'वर्ल्ड स्केट गेम्स 2024' में भाग
Rajasthan: सरकारी अस्पताल के बाहर दर्द से तड़पती रही प्रसूता, इमरजेंसी वार्ड के बाहर बच्चे को दिया जन्म
RSS Leader Indresh Kumar Said- 'Ego stopped BJP from getting majority', all those opposing Ram could not form govt
Next Article
'अहंकार ने भाजपा को बहुमत से रोका', राम का विरोध करने वाले सब मिलकर भी सरकार नहीं बना पाएः इंद्रेश कुमार
Close
;